3rd ODI: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान विराट कोहली ने एक बार फिर अपनी बल्लेबाजी से सबको हैरान कर दिया है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 3rd ODI मैच में कोहली ने शानदार शतक जड़कर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया, लेकिन टीम इंडिया को हार का सामना करना पड़ा। मैच के बाद हेड कोच राहुल द्रविड़ ने कोहली की जमकर तारीफ की और हार के पीछे के बड़े कारण को भी सामने रखा। यह मैच सीरीज का निर्णायक मुकाबला था, जहां भारत को 5 विकेट से शिकस्त मिली।
कोहली का यह शतक उनके करियर का 50वां वनडे शतक था, जो उन्हें क्रिकेट इतिहास के महानतम बल्लेबाजों में शुमार करता है। मैच में कोहली ने 112 गेंदों पर 115 रन बनाए, जिसमें 12 चौके और 3 छक्के शामिल थे। उनकी पारी ने टीम को 300 रनों का लक्ष्य देने में मदद की, लेकिन ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों ने आसानी से इसे हासिल कर लिया। कोहली की इस पारी ने सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया, जहां फैंस उन्हें ‘किंग कोहली’ कहकर सराह रहे हैं।
मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोच राहुल द्रविड़ ने कहा, “विराट की बल्लेबाजी देखकर लगता है कि वह कभी थकते नहीं। उनका तीसरा लगातार वनडे शतक टीम के लिए प्रेरणा है। उन्होंने न सिर्फ रन बनाए, बल्कि युवा खिलाड़ियों को भी सिखाया कि दबाव में कैसे खेलना है।” द्रविड़ ने कोहली की फिटनेस और मानसिक मजबूती की भी सराहना की, जो उनके करियर की लंबाई का राज है। उन्होंने आगे कहा कि कोहली जैसे खिलाड़ी टीम की रीढ़ हैं और उनकी मौजूदगी से पूरी टीम ऊर्जावान हो जाती है।
हालांकि, हार के कारण पर बात करते हुए द्रविड़ ने गेंदबाजी विभाग की कमजोरी को उजागर किया। उन्होंने बताया कि मिडिल ओवरों में भारतीय गेंदबाज विकेट नहीं ले पाए, जिससे ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को सेट होने का मौका मिल गया। “हमारी गेंदबाजी में विविधता की कमी थी। स्पिनरों ने अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन फास्ट बॉलर्स ने रन लुटाए। यह हार का बड़ा कारण रहा,” द्रविड़ ने स्पष्ट शब्दों में कहा। उन्होंने यह भी जोड़ा कि टीम को फील्डिंग में सुधार की जरूरत है, क्योंकि कई कैच छूटे जो मैच का रुख बदल सकते थे।
यह सीरीज भारत के लिए मिश्रित रही। पहले दो मैचों में जीत के बाद तीसरे में हार ने टीम को सोचने पर मजबूर कर दिया। अब टीम का ध्यान आगामी टेस्ट सीरीज पर है, जहां कोहली की फॉर्म महत्वपूर्ण होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि कोहली की वापसी से भारतीय क्रिकेट में नई ऊर्जा आएगी। पूर्व क्रिकेटर सुनील गावस्कर ने भी कोहली की तारीफ में कहा, “वह विश्व क्रिकेट के बादशाह हैं। उनका शतक देखकर पुराने दिन याद आ गए।”
कोहली खुद मैच के बाद संतुष्ट नजर आए। उन्होंने कहा, “शतक बनाना अच्छा लगा, लेकिन टीम की हार से दुखी हूं। हमें अगले मैचों में बेहतर करना होगा।” उनकी यह पारी वनडे क्रिकेट में नए रिकॉर्ड की ओर इशारा करती है। फैंस अब इंतजार कर रहे हैं कि कोहली कब अपना 51वां शतक लगाएंगे।
यह घटना भारतीय क्रिकेट के लिए एक सबक है कि व्यक्तिगत प्रदर्शन के बावजूद टीम वर्क जरूरी है। कोहली की फॉर्म टीम इंडिया के लिए शुभ संकेत है, लेकिन हार के कारणों पर काम करना होगा।
